The scince stream junction™ published
■■■क्या होगा अगर सब कुछ soft soft हो जाए■■■
सॉफ्ट होने से मेरा मतलब है कि हर चीज का खुरदुरापन बिलकुल जीरो जो जाये, जरा सोचो सबकुछ सॉफ्ट सॉफ्ट boys की शेविंग से लेकर थार मरुस्थल की रेत तक everthing is सॉफ्ट,
पर क्या ऐसा होना हमारे फेवर में जाएगा? Let फाउंड it
आम तौर पर हम ये शिकायत करते है कि मैं रोड पर बहुत ज्यादा थक जाता हूं क्यू के रॉड बहुत उबड़ खाबड़ है सबसे ज्यादा प्रॉब्लम तब होती है जब हम किसी पार्क की सीट पर थोड़ा आराम करने के लिये बैठे, जाहिर तौर पर हम में से हर कोई सॉफ्टनेस चाहता है but क्या होगा अगर ऐसा हो जाय............
मान लो की अचानक से सारा का सारा खुरदुरापन ख़तम हो जाता है अब क्या क्या होगा वो दैखना
सबसे 0पहले तो आपका मोबाइल फोन जो इस वक़्त आप के हाथ में है वो फिसल कर नीचे गिरेगा , कोई फर्क नही पड़ता आपका हाथ हल्क का है या फिर खाली का । चाहे आप कितनी है जोर से पकड़े वो गिरेगा जरूर।
आप कुछ भे अपने हाथों से पकड़ नहीं पाओगे यहाँ तक की अगर आप बाथरूम में हो और कपड़े पहन ना चाहते हो तो.......यू can't
अगर आप की बाइक, कार, साइकिल रोड पर चल रही है तो वो उस ही स्पीड से चलती राह्नैगी ना तो spped बढ़ा पयोगे और ना ही कम कर पयोगे चाहे कितना भी कोशिश करो ब्रेक दबाओ या स्पीड रिजल्ट जीरो ही होगा अब अगर तुम बाइक से पीछा छुड़वाना चाहते हो तो सिर्फ एक रास्ता है............. JUMP
But इस से भी कुछ ज्यादा नहि होगा जम्प के बाद तुम सड़क पर उस ही स्पीड से रगड़ खाते रहोगे and finally किसी दीवार से टकराकर और उस को चकनाचूर कर के ही शायद तुम रुक पाओ...............so painful
और अगर तुम उस टाइम रसोई में हुऐ तो अगर तुम्हारी हाथ) पर एक चीनी का दाना भी हुआ तो उस दाने के बोछ तले तुम्हारा हाथ टूट कर लाखो हिस्सो मे बदल जायेगा............................
ये सब इस लिऐ होगा क्यैकि वो खुरदुरापन जिसको हम पसन्द नही करते वो चल बसा
लेकिन story यही खत्म नही होती
इस से पहले कि हम से सब देखे हम खुद ही अपने वजन कि वजह से और हर वो चीज जिसको हम इस समय देख रहे है धरती मे धसनी शुरु हो जायेगि क्योकि इस खुरदरेपन के साथ धरती कि हमारे वजन को देने वाली प्रतिक्रिया( reaction) भी खत्म हो जायेगी and we go down
लेकिन इस से पहले कि हमारी वाट लगे और हमारी आखे ये सब होता देखे उस से पहले हम चल बसेगें। we all are finish but how?
जैसे ही प्राकृति से ये खुरदरपन खत्म होगा हम सब छोटे छोटे हिस्सो मै टुट कर बिखर जायेगे , वो हिस्से परमानुऔ स भीे छौटे होगें सिर्फ कुछ सेकण्ड के अन्दर ये पूरा ब्रह्माण्ड गायब होगा और बचेगे तो सिर्फ 0.00000000000000000001 मीटर व्यास के कण जौ देखे नही जा सकतै और ये पुरा ब्रह्माण्ड कभी ना खत्म होने वाली निंद सौ जायेगा।
And nothing will be back again.
But be happy it is hard to happen.
थैंक्स & be खोजी